भारत के बाहर डॉ. आंबेडकर की सबसे ऊंची प्रतिमा का अनावरण, पूरे अमेरिका से पहुंचे भारतीय मूल के लोग

Chhattisgarh Reporter
शेयर करे

छत्तीसगढ़ रिपोर्टर

वॉशिंगटन 15 अक्टूबर 2023। भारत के संविधान निर्माता डॉ. बीआर आंबेडकर की अमेरिका की सबसे ऊंची प्रतिमा का राजधानी वॉशिंगटन डीसी में अनावरण किया गया। इस दौरान भारी संख्या में भारतीय मूल के लोग मौजूद रहे और उन्होंने ‘जय भीम’ के खूब नारे लगाए। डॉ. आंबेडकर की प्रतिमा को ‘स्टैच्यू ऑफ इक्वेलिटी’ का नाम दिया गया है। डॉ. आंबेडकर की यह प्रतिमा वॉशिंगटन डीसी के उपनगर मेरीलैंड में स्थापित की गई है। 

बड़ी संख्या में भारतीय मूल के लोग रहे मौजूद
प्रतिमा के अनावरण के समय हल्की बूंदाबांदी हो रही थी, इसके बावजूद लोगों के उत्साह में कोई कमी नहीं थी। पूरे अमेरिका और भारत से भी कुछ लोग प्रतिमा के अनावरण के समय मेरीलैंड में मौजूद रहे। कई तो करीब 10 घंटे का सफर करके वहां पहुंचे थे। इस ऐतिहासिक मौके पर करीब 500 भारतीय या भारतीय मूल के लोग मौजूद रहे। अमेरिका में स्थापित की गई डॉ. आंबेडकर की इस प्रतिमा का अनावरण मशहूर मूर्तिकार राम सुतार ने किया। राम सुतार ने ही गुजरात में नर्मदा नदी के किनारे स्थित सरदार पटेल की प्रतिमा का भी निर्माण किया है। आंबेडकर इंटरनेशनल सेंटर के अध्यक्ष राम कुमार ने कहा कि इसे स्टैच्यू ऑफ इक्वेलिटी का नाम दिया गया है क्योंकि ना सिर्फ भारत में बल्कि हर जगह असमानता अलग अलग रूप में मौजूद है। 

लोगों में दिनों दिन बढ़ती जा रही डॉ. आंबेडकर की लोकप्रियता
14 अप्रैल 1891 को जन्में डॉ. भीमराव आंबेडकर अपने अनुयायियों के बीच बाबा साहेब के नाम से प्रसिद्ध हैं और वह भारत की संविधान सभा की ड्राफ्टिंग समिति के अध्यक्ष रहे। अमेरिका में राष्ट्रपति भवन व्हाइट हाउस से ‘स्टैच्यू ऑफ इक्वेलिटी’ दक्षिण में करीब 22 मील दूर है। 13 एकड़ में बने इस सेंटर प्रतिमा के अलावा लाइब्रेरी, कन्वेंशन सेंटर और बुद्ध गार्डन भी है। दलित इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के राष्ट्रीय अध्यक्ष रवि कुमार नारा ने कहा कि अमेरिका में बाबा साहेब की प्रतिमा का अनावरण ऐतिहासिक पल है। 75 साल की स्वतंत्रता के बाद अब लोगों को एहसास हुआ है कि डॉ. आंबेडकर ने कितना अहम काम किया है, तभी दिन बीतने के साथ ही उनकी लोकप्रियता बढ़ती जा रही है। पहले उन्हें सिर्फ दलित नेता माना जाता था लेकिन अब पूरा देश जानता है कि महिला सशक्तिकरण और समाज के कमजोर वर्गों के लिए डॉ. आंबेडकर का योगदान कितना अहम है। 

बता दें कि रवि कुमार नारा डॉ. आंबेडकर की प्रतिमा के अनावरण के लिए भारत से अमेरिका गए हैं। अमेरिका में आंबेडकर मूवमेंट के नेता दिलीप महास्के ने बताया कि स्टैच्यू ऑफ इक्वेलिटी भारत के 140 करोड़ लोगों और 45 लाख भारतीय अमेरिकियों का प्रतिनिधित्व करता है। उन्होंने कहा कि यह प्रतिमा अमेरिका में रहने वाले भारतीयों को प्रेरित करती रहेगी। डॉ. आंबेडकर की प्रतिमा के अनावरण के समय सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए गए। 

Leave a Reply

Next Post

'बुमराह से बचना है तो संन्यास ले लो'; बल्लेबाजों को पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान ने दी सलाह

शेयर करे छत्तीसगढ़ रिपोर्टर अहमदाबाद 15 अक्टूबर 2023। वनडे विश्व कप 2023 में भारत और पाकिस्तान के मैच में जसप्रीत बुमराह ने शानदार गेंदबाजी की। उन्होंने दो अहम विकेट लिए और पाकिस्तान की टीम को 191 रन पर समेटने में बड़ा योगदान दिया। इस मैच के बाद पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान एरोन […]

You May Like

वैशाली-सारण में बाढ़ का जायजा लेने पहुंचे सम्राट चौधरी....|....वन नेशन-वन इलेक्शन लागू करने पर जोर....|....इंदौर: वार्ड 60 के बाद 58 में भी टले निकाय उपचुनाव, वोटर लिस्ट में मिली गड़बड़ी....|....विधायक रामेश्वर बोले- काजी कैंप में मिसाइल गिरा दो....|....हिमाचल में बारिश का कहर: 85 सड़कें बंद....|....राहुल गांधी पर केस दर्ज कराने वाले अमित कुमार पर एससी समाज से न होने का आरोप, वाल्मीकि समाज भड़का....|....सीबीआई कोर्ट का फैसला; फर्जी दस्तावेज और पासपोर्ट मामले में आचार्य बालकृष्ण बरी....|....कश्मीर के बाद अब उत्तराखंड में बर्फबारी....|....अमेरिका में कार्गों प्लेन गाड़ियों से टकराया, 5 मौतें:3 की हालत गंभीर....|....दिल्ली पीजी हादसा- मलबे से एक और शव मिला