
छत्तीसगढ़ रिपोर्टर
नई दिल्ली 12 जनवरी 2026। गोवा विधानसभा के शीतकालीन सत्र के पहले दिन सोमवार को विपक्षी विधायकों ने गवर्नर अशोक गजपति राजू के संबोधन को बाधित कर हंगामा किया। इसका कारण था हाल ही में अर्पोरा के नाइटक्लब बिर्च बाय रोमियो लेन में लगी आग, जिसमें 25 लोगों की मौत हुई थी। सत्र की शुरुआत में मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत और विपक्ष के नेता यूरी अलेमाओ ने गवर्नर का स्वागत किया। जैसे ही गवर्नर ने सदन को संबोधित करना शुरू किया, विपक्षी नेता ने आग हादसे पर स्पष्टीकरण और जवाब देने की मांग की। अलेमाओ ने कहा गवर्नर से निवेदन है कि अपने भाषण की शुरुआत नाइटक्लब आग त्रासदी का जिक्र करके करें। राज्य में 25 लोग मारे गए। मुख्यमंत्री सावंत ने उन्हें शांत होने और बैठने के लिए कहा, लेकिन अलेमाओ ने नहीं माना।
इसके बाद सभी विपक्षी विधायकों ने सदन की वेल पर जाकर प्लेकार्ड उठाए और ‘शर्म करो, शर्म करो’ के नारे लगाए। सुरक्षा कर्मियों ने तुरंत सात विपक्षी विधायकों को सदन से बाहर निकाला। ये विधायक कांग्रेस, आम आदमी पार्टी, गोवा फॉरवर्ड पार्टी और रिवोल्यूशनरी गोअन्स पार्टी से थे। मुख्य विपक्षी नेता ने सरकार से जवाबदेही तय करने की मांग दोहराई, जबकि अध्यक्ष गणेश गौणकर ने शांति बनाए रखने का आग्रह किया। गोवा विधानसभा का यह शीतकालीन सत्र 16 जनवरी 2026 तक चलेगा।
गोवा अग्निकांड पर एक नजर
- बता दें कि बीते 6 दिसंबर की रात को बिर्च बाय रोमियो नाइटक्लब में आग लग गई थी।
- जिसमें 25 लोग मारे गए, उसमें टूरिस्ट और नाइटक्लब के स्टाफ शामिल थे।
- इस वारदात के बाद क्लब के मालिक गौरव और सौरभ लूथरा विदेश भाग गए थे।
- जांच में पता लगा कि नाइटक्लब बिना वैध लाइसेंस के अवैध रूप से संचालित हो रहा था।
- 17 दिसंबर को लूथरा बंधुओं को वापस भारत लाया गया।
- अब दोनों भाइयों सौरभ और गौरव लूथरा को कोर्ट ने न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।


