
छत्तीसगढ़ रिपोर्टर
कोलकाता 25 दिसंबर 2023। पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता के ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड मैदान में रविवार एक और इतिहास रच गया। यहां एक साथ एक लाख से अधिक लोगों ने गीता पाठ किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बधाई संदेश भेजकर इस आयोजन की प्रशंसा की है। हलांकि पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भी इस कार्यक्रम में शामिल होने की बात कही जा रही थी, लेकिन उनका कार्यक्रम तय नहीं हो सका। कोलकाता में रविवार को आयोजित गीता पाठ के दौरान एक लाख से अधिक लोगों ने एक साथ प्रसिद्ध बांग्ला कवि नजरूल इस्लाम द्वारा रचित, हे पार्थसारथी बजाओ बजाओ पांचजन्य” गीत गाया। इसका विश्व रिकॉर्ड भी बनाया गया। इस कार्यक्रम में संस्कार भारती की भूमिका प्रमुख रही। पश्चिम बंगाल के संघ के सांस्कृतिक संगठन संस्कार भारती के तिलक सेन गुप्त, भरत कुंडू और नीलांजना राय के नेतृत्व में क्षेत्रीय कलाकारों ने ‘धनधान्य पुष्पाभारा’ सहित चार देश भक्ति के गीत पेश किए।
एक लाख लोगों से अधिक ने किया गीता पाठ
गीता पाठ के प्रबंधकों का दावा है कि इस आयोजन में एक लाख से अधिक लोगों ने सस्वर गीता का पाठ किया। गीता पाठ में द्वारका पीठ के शंकराचार्य सदानंद सरस्वती के साथ हजारों साधु-संत और आम लोगों ने हिस्सा लिया। कार्यक्रम में बंगाल भाजपा अध्यक्ष सुकांत मजूमदार बंगाल विधानसभा में विपक्ष के नेता शुभेंदु अधिकारी समेत भाजपा के वरिष्ठ नेता-कार्यकर्ता और सनातन धर्म के प्रतिनिधि के तौर पर शामिल हुए।
शंकराचार्य सदानंद सरस्वती ने किया एकजुटता का आह्वान
गीता पाठ की शुरुआत कवि नजरुल के लिखे हुए गीत- “हे पार्थ सारथी बजाओ बजाओ” के गायन के साथ हुआ। इसके बाद मैदान में मौजूद करीब 70 हजार महिलाओं ने शंख ध्वनि की और करीब 60 हजार लोगों ने साथ मिलकर गीत गाए। इसके बाद गीता पाठ की शुरुआत हुई। दौरान संस्कार भारती के कार्यकर्ताओं ने सांस्कृतिक प्रस्तुति दी। इस मौके पर अपने संबोधन में द्वारका पीठ के शंकराचार्य सदानंद सरस्वती ने कहा कि बंगाल में विभाज की साजिश चल रही है। इसलिए सभी को एकजुट हो कर रहने की आवश्यकता है।
20 ब्लॉक बनाए गए थे
गीता पाठ के लिए ब्रिगेड परेड ग्राउंड में 20 ब्लाक तैयार किए गए थे। प्रत्येक ब्लाक में पांच हजार लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई थी। गीता के पांच अध्यायों का पाठ किया गया। गीता पाठ में शामिल होने आए लोगों ने पारंपरिक परिधान पहन रखे थे। महिलाओं ने जहां साड़ी पहन रखी थी वहीं अधिकांश पुरुषों ने धोती-कुर्ता पहनकर गीता पाठ किया। गीता पाठ में शामिल लोगों ने भी इस आयोजन की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि इससे पहले कोलकाता में ऐसा नजारा कभी नहीं देखा गया।
अर्थपूर्ण जीवन जीने की दिशा दिखाती है गीता : पीएम मोदी
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संदेश में गीता पाठ कार्यक्रम की सराहनीय की। इसे संयुक्त रूप से सनातन संस्कृति संसद, मातीलाल भारत तीर्थ सेवा मिशन आश्रम और अखिल भारतीय संस्कृत परिषद द्वारा आयोजित किया जा रहा है। हमारी सांस्कृतिक विरासत परंपराओं, ज्ञान, दर्शन-आध्यात्मिक बौद्धिकता, समावेश, सांस्कृतिक विविधता और सद्भाव का मिश्रण है। श्रीमद् भागवत गीता महाभारत काल से लेकर हमारी स्वतंत्रता तक और अभी भी हम सभी को प्रेरित कर रही है। गीता हमें अर्थपूर्ण जीवन जीने की दिशा दिखाती है और जीवन की चुनौतियों से निपटना सिखाती है।
1,30,000 से अधिक लोगों ने करवाया था पंजीकरण: आयोजक
गीता पाठ के आयोजकों के अनुसार गीता पाठ के लिए 1,30,000 से अधिक लोगों ने पंजीकरण करवाया था। रविवार सुबह से ही लोग ब्रिगेड मैदान पहुंचने शुरू हो गए थे। देश और दुनिया से 300 से अधिक साधु-संत भी यहां पहुंचे थे।