10 नेचर गाइड और एक चालक पार्क में प्रवेश से प्रतिबंधित

छत्तीसगढ़ रिपोर्टर
सवाई माधोपुर, 06 अक्टूबर 2026। रणथंभौर टाइगर रिजर्व में सफारी के दौरान नियमों की अनदेखी करने वालों पर वन विभाग ने बड़ी कार्रवाई की है। वाहन जांच और निरीक्षण अभियान के दौरान फर्जी टिकट के जरिए सफारी कराने, बिना वैध टिकट पर्यटकों को भ्रमण कराने और मोबाइल फोन का इस्तेमाल करने के मामले सामने आए। कार्रवाई के बाद वन विभाग ने 10 नेचर गाइड और एक वाहन चालक को अग्रिम आदेश तक पार्क में प्रवेश करने से प्रतिबंधित कर दिया है। वन विभाग का कहना है कि रणथंभौर में वन्यजीवों की सुरक्षा, पर्यटकों की सुविधा और पार्क के नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिए जांच और निगरानी अभियान लगातार जारी रहेगा।
फर्जी टिकट से सफारी कराने पर गाइड और चालक पर कार्रवाई
वन विभाग के अनुसार, चार अक्तूबर की सुबह वाहन जांच के दौरान वाहन संख्या आरजे25 टीए 2233 में नियमों का उल्लंघन पाया गया। इसके बाद वाहन चालक फैजल आलम और नेचर गाइड सतीश उपाध्याय को अग्रिम आदेश तक पार्क में प्रवेश से प्रतिबंधित कर दिया गया। इसी दिन जोन नंबर छह में भी नियमों के उल्लंघन का मामला सामने आया। राजबाग नाका वनपाल की रिपोर्ट के अनुसार, कैंटर संख्या आरजे25 पीए 2123 में नेचर गाइड हरगोविंद माली (बी-76) चार पर्यटकों को फर्जी टिकट के जरिए सफारी करवा रहा था। वन विभाग ने कार्रवाई करते हुए हरगोविंद माली को भी अग्रिम आदेश तक पार्क में प्रवेश से प्रतिबंधित कर दिया।
बिना वैध टिकट सफारी कराने पर गाइड पर रोक
तीन अक्तूबर की सुबह वाहन संख्या आरजे25 टीए 1935 की जांच के दौरान नेचर गाइड रामकेश मीना पर्यटकों को बिना वैध टिकट सफारी कराते मिले। इसके बाद वन विभाग ने उन्हें भी अग्रिम आदेश तक पार्क में प्रवेश से प्रतिबंधित कर दिया। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि बिना वैध टिकट पर्यटकों को पार्क में भ्रमण कराना गंभीर लापरवाही है। विभाग ने सभी पर्यटन वाहनों और नेचर गाइडों की गतिविधियों पर निगरानी बढ़ा दी है, ताकि बिना अनुमति या वैध टिकट के कोई भी व्यक्ति उद्यान क्षेत्र में प्रवेश न कर सके।
सफारी के दौरान मोबाइल चलाने पर तीन गाइड प्रतिबंधित
चार अक्तूबर की सुबह जोन नंबर तीन में सफारी के दौरान मोबाइल फोन का इस्तेमाल करने के मामले में तीन नेचर गाइडों पर कार्रवाई की गई। इनमें वाहन संख्या आरजे25 पीए 2170 के गाइड सीताराम वर्मा (103ए), वाहन संख्या आरजे25 टीए 2207 की गाइड ज्योति मौर्य (38ए) और वाहन संख्या आरजे25 टीए 2153 के गाइड महावीर सिंह (44ए) शामिल हैं। वन विभाग ने तीनों को अग्रिम आदेश तक पार्क में प्रवेश से प्रतिबंधित कर दिया। अधिकारियों के मुताबिक सफारी के दौरान मोबाइल फोन का इस्तेमाल पर्यटकों की सुरक्षा के साथ-साथ वन्यजीवों की शांति के लिए भी जोखिम पैदा कर सकता है।
तीन अक्तूबर को चार गाइडों पर हुई कार्रवाई
तीन अक्तूबर को भी मोबाइल फोन के इस्तेमाल पर वन विभाग ने चार अन्य नेचर गाइडों के खिलाफ कार्रवाई की। इनमें वाहन संख्या आरजे25 टीए 2248 के गाइड राजेश योगी, वाहन संख्या आरजे25 पीए 2303 के गाइड विजय शर्मा, वाहन संख्या आरजे25 पीए 2228 के गाइड सलाउद्दीन और वाहन संख्या आरजे25 टीए 1967 के गाइड भंवर सिंह शामिल हैं। वन विभाग ने इन चारों को भी अग्रिम आदेश तक पार्क में प्रवेश से प्रतिबंधित कर दिया।
एक अक्तूबर को भी दो गाइडों पर कार्रवाई
इससे पहले एक अक्तूबर की शाम जोन नंबर दो में वाहन जांच के दौरान मोबाइल फोन का इस्तेमाल कर पार्क नियमों का उल्लंघन करने के मामले में दो गाइडों पर कार्रवाई हुई थी। वाहन संख्या आरजे25 टीए 1890 के गाइड नेतराम (68) और वाहन संख्या आरजे25 टीए 2258 के गाइड मीठा लाल (44) को भी अग्रिम आदेश तक पार्क में प्रवेश से रोक दिया गया। वन विभाग की लगातार कार्रवाई से साफ है कि रणथंभौर में सफारी नियमों के उल्लंघन को लेकर निगरानी और वाहन जांच अभियान आगे भी जारी रहेगा। विभाग का जोर पर्यटकों की सुरक्षा, वन्यजीवों की शांति और अभयारण्य क्षेत्र में निर्धारित नियमों का पालन सुनिश्चित करने पर है।


