‘देश में जातिगत जनगणना कराना कांग्रेस का दृष्टिकोण’, जयराम रमेश बोले- तेलंगाना से कर रहे शुरुआत

Chhattisgarh Reporter
शेयर करे

छत्तीसगढ़ रिपोर्टर

नई दिल्ली 09 नवंबर 2024। जातिगत जनगणना को लेकर कांग्रेस की ओर से एक बार फिर प्रतिक्रिया सामने आई है। तेलांगाना में शनिवार से शुरू हो रही जातिगत जनगणना को लेकर कांग्रेस ने कहा कि देश में जातिगत जनगणना कराना और एससी-एसटी, ओबीसी के लिए आरक्षण पर 50 प्रतिशत की सुप्रीम कोर्ट की मनमानी सीमा को हटाना हमारे दृष्टिकोण के केंद्र में है। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि तेलंगाना में कांग्रेस की सरकार शनिवार को जातिगत जनगणना शुरू करेगी। अगले कुछ सप्ताह में 80 हजार गणनाकर्ता घर-घर जाएंगे और 33 जिलों के 1.17 करोड़ से अधिक घरों को कवर करेंगे। 1931 के बाद यह पहली बार है जब तेलंगाना सरकार जातिगत जनगणना करवा रही है। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि यह ऐतिहासिक और क्रांतिकारी क्षण है। यह तेलंगाना आंदोलन की आकांक्षाओं की पूर्ति और डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर के संविधान के आदर्शों को स्थापित करने वाला है। उन्होंने कहा कि राहुल गांधी ने इस सप्ताह की शुरुआत में हैदराबाद में कहा था कि यह राष्ट्रीय जातिगत जनगणना का एक खाका भी है जिसे इंडिया गठबंधन सरकार कराएगी।

जयराम रमेश ने कहा कि जाति जनगणना और अनुसूचित जातियों, अनुसूचित जनजातियों और अन्य पिछड़े वर्गों के लिए आरक्षण पर सर्वोच्च न्यायालय द्वारा लगाई गई मनमानी 50% की सीमा को हटाना देश के लिए कांग्रेस के दृष्टिकोण का केंद्र है। हम भारत में सामाजिक, राजनीतिक और आर्थिक न्याय को सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं, जैसा कि हमारे संविधान में लिखा है और जिसकी परिकल्पना भारत के संस्थापकों ने की थी।

जाति जनगणना की बैठक में शामिल हुए थे राहुल गांधी
पांच नवंबर को राहुल गांधी हैदराबाद में आयोजित जाति जनगणना की बैठक में शामिल हुए थे। उन्होंने कहा था कि जिस तरह का जातिगत भेदभाव भारत में होता है, ऐसा दुनिया में कहीं नहीं होता। उन्होंने कहा कि जाति आधारित भेदभाव के मामले में देश की स्थिति दुनिया में सबसे खराब है। मेरे लिए तेलंगाना राष्ट्रीय जाति जनगणना का मॉडल है। देश में 50 प्रतिशत आरक्षण की कृत्रिम सीमा को ध्वस्त कर दिया जाएगा।

Leave a Reply

Next Post

नागा राजनीतिक मुद्दे पर गतिरोध दूर करने को तीसरे पक्ष के हस्तक्षेप की मांग, सशस्त्र संघर्ष की धमकी दी

शेयर करे छत्तीसगढ़ रिपोर्टर कोहिमा/नई दिल्ली 09 नवंबर 2024। नेशनल सोशलिस्ट काउंसिल ऑफ नागालैंड (एनएससीएन-आईएम) ने शुक्रवार को नागा राजनीतिक मुद्दे पर गतिरोध दूर करने के लिए तीसरे पक्ष के हस्तक्षेप की मांग की। इस दौरान समूह ने सरकार के साथ अपने 27 साल पुराने युद्धविराम समझौते को तोड़ने और […]

You May Like

महापुरुषों के जीवन और विचारों से प्रेरणा लेकर आगे बढ़ेगी नई पीढ़ी : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय....|....विधानसभा में अफीम की खेती मुद्दे पर हो रहा हंगामा....|....सऊदी की ईरान को खुली चेतावनी- हमले जारी रहे तो होगा “सबसे बड़ा नुकसान”....|....'बिना किसी भेदभाव के सभी को न्याय मिलेगा...' जनता दर्शन में सीएम योगी ने सुनीं जनसमस्याएं; दिए ये निर्देश....|....मुख्यमंत्री साय ने महतारी वंदन योजना की 25वीं किस्त की जारी, 641 करोड़ रुपये अंतरित....|....छत्तीसगढ़ में बालोद कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी, जयस्तंभ चौक सील; पुलिस बल तैनात....|....शक्ति की समृद्धि: आर्थिक आत्मनिर्भरता देगी नारी शक्ति को नई उड़ान, घर से बदलाव की शुरुआत....|....हिंदू युवतियों का धर्मांतरण: संदिग्ध आतंकी से पूछताछ, ये हैं वो सवाल, जिनके अयान जावेद ने नहीं दिए जवाब....|....अमरोहा: मटर प्लांट में अमोनिया गैस का रिसाव, छह महिलाओं कर्मियों की हालत बिगड़ी, अन्य में मची भगदड़....|....कोच के तौर पर भी चैंपियन गंभीर: दो आईसीसी ट्रॉफी दिलाने वाले पहले भारतीय कोच बने गौतम, आलोचकों को दिया जवाब