
छत्तीसगढ़ रिपोर्टर
बालोद 03 मई 2022। छत्तीसगढ़ के बालोद जिले के एक सुदूर गांव में सोमवार को दो गुटों के बीच हुई झड़प में कम से कम छह लोग घायल हो गए। इन गुटों में से एक दक्षिणपंथी संगठनों का प्रतिनिधित्व करता है। स्थानीय पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, रविवार शाम को मांगचुआ थाना क्षेत्र के तुगोंडी गांव में दक्षिणपंथी संगठनों के सदस्यों की स्थानीय ग्रामीणों के साथ कथित तौर पर विवाद के बाद झड़प हुई। जो कि किसी तरह के पारंपरिक अनुष्ठान करने में लगे हुए थे।
पुलिस ने बताया कि इस सिलसिले में एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है, जबकि दो अन्य को हिरासत में लिया गया है। बालोद की अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक प्रज्ञा मेश्राम ने बताया कि झड़प की सूचना मिलने के बाद पुलिस कर्मी मौके पर पहुंचे और स्थिति को नियंत्रित किया गया। उन्होंने कहा कि कुएगोंडी के आदिवासी समुदायों के लोगों ने रविवार को जामदी पाठ पहाड़ी पर अपने पूजा स्थल पर कुछ पारंपरिक अनुष्ठान किए थे। उन्होंने बताया कि प्राथमिक जानकारी के अनुसार, वहां से लौटने के बाद, जब वे अपने देवता के लिए कुछ अनुष्ठान कर रहे थे और भोजन करने के लिए एक स्थान पर एकत्र हुए, तब बजरंग दल के लोगों का एक समूह कथित तौर पर लाठी और तलवार लेकर वहां पहुंच गया।
ऐसे में दोनों गुट आमने-सामने आ गए और एक-दूसरे से भिड़ गए। मेश्राम ने बताया कि दोनों समूहों ने एक-दूसरे पर पथराव भी किया। मेश्राम ने कहा कि स्थानीय ग्रामीणों की शिकायत के आधार पर उन पर हमला करने वाले समूह के सदस्यों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है। एक अन्य पुलिस अधिकारी के अनुसार, प्राथमिकी में नामित लोगों में से तीन को हिरासत में लिया गया था। हालांकि बाद में उनमें से एक को गिरफ्तार कर लिया गया, जबकि दो अन्य को चिकित्सकीय जांच के लिए राजनांदगांव ले जाया गया, क्योंकि वे घायल हो गए थे।
अधिकारी ने कहा कि आदिवासियों ने अपने पूजा स्थल पर अनुष्ठान के तहत बकरियों की बलि दी थी और जब दक्षिणपंथी संगठनों के सदस्यों को इसके बारे में पता चला, तो वे आपत्ति जताते हुए उस स्थान पर पहुंच गए, जिसके परिणामस्वरूप यह झड़प हुई। उन्होंने कहा कि इस घटना में तीन ग्रामीणों सहित कम से कम छह लोग घायल हो गए, जिनमें से कुछ को आसपास अस्पतालों में भर्ती कराया गया है।