रांझा विक्रम सिंह और आर्यन सक्सेना का अनूठा संगम, ‘मंगलमय सालासर’ में दिखेगी श्रद्धा की ताकत

छत्तीसगढ़ रिपोर्टर
अनिल बेदाग
मुंबई, 07 नवंबर 2026। सिनेमा जब आस्था, इतिहास और भावनाओं का संगम बनता है, तो पर्दे पर एक ऐसी कहानी जन्म लेती है, जो दर्शकों के दिलों को छू जाती है। कुछ ऐसा ही अनुभव लेकर आ रही है आगामी भक्ति फिल्म ‘मंगलमय सालासर’। लंबे अंतराल के बाद अभिनेता और फिल्म निर्माता रांझा विक्रम सिंह इस फिल्म के साथ निर्माण के क्षेत्र में वापसी कर रहे हैं। फिल्म की कहानी, लेखन और निर्देशन की कमान आर्यन सक्सेना संभाल रहे हैं।
18वीं सदी के राजस्थान की पृष्ठभूमि पर आधारित यह फिल्म बाबा मोहन दास जी की अटूट श्रद्धा, तपस्या और भगवान हनुमान के प्रति उनकी अनन्य भक्ति को बड़े पर्दे पर जीवंत करेगी। रांझा विक्रम सिंह के लिए यह महज एक फिल्म नहीं, बल्कि उद्देश्यपूर्ण सिनेमा से जुड़ने की पहल है। वहीं, आर्यन सक्सेना ऐतिहासिक परिवेश, भावनात्मक गहराई और भव्य प्रस्तुति के जरिए इस आध्यात्मिक गाथा को नया रूप देना चाहते हैं।


