
छत्तीसगढ़ रिपोर्टर
बिलासपुर 10 नवंबर 2025। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय रतनपुर में आयोजित कल्चुरी कलार समाज के महासम्मेलन में शामिल हुए। उन्होंने भगवान सहस्रबाहु एवं बहादुर कलारीन दाई की पूजा-अर्चना कर विशाल सम्मेलन का शुभारंभ किया। इससे पहले मां महामाया मंदिर का दर्शन किया। उन्होंने माता की विधिवत पूजा-अर्चना व आरती कर छत्तीसगढ़ की खुशहाली एवं समृद्धि की कामना की और आशीर्वाद लिया। सीएम साय ने कहा कि धार्मिक नगरी रतनुपर के समग्र विकास के लिए केन्द्र सरकार की प्रसाद योजना के तहत 200 करोड़ रूपए की कार्य-योजना स्वीकृति के लिए भेजी गई है। इसके जल्द स्वीकृत होने की संभावना है। उन्होंने ऐतिहासिक नगरी रतनपुर में 100 बिस्तर अस्पताल खोलने तथा कल्चुरी समाज के सामुदायिक भवन निर्माण के लिए 1 करोड रूपया देने का ऐलान किया है। सम्मेलन की अध्यक्षता राज्य शासन के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने की।इस दौरान मुख्यमंत्री साय ने कहा कि कल्चुरी राजवंश ने रतनपुर सहित देश में लगभग 1200 वर्षों तक शासन किया है। उनके राज में प्रजा खुश एवं देश समृद्धशाली रहा है।
मां महामाया की कृपा से छत्तीसगढ़ राज्य में तेजी से विकास हो रहे हैं। हमारा छत्तीसगढ़ देश के बीचों-बीच स्थित है। खनिज, वन एवं जल संसाधनों से भरा पड़ा है। हम यहां के लोगों को साथ लेकर राज्य को प्रगति के मार्ग पर और आगे ले जाएंगे। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार को अभी बमुश्किल 22 माह हुए हैं। इतनी कम अवधि में भी हमने मोदी की गारन्टी के रूप में किये गये लगभग सभी बड़े वायदे पूरे किए हैं। उन्होंने कहा कि मोदी जी ने देश को नया एवं शक्तिशाली बनाने का संकल्प लिया है। उन्होंने कहा कि हमने किसानों से किये गये वायदे के अनुरूप 3100 रूपए प्रति क्विंटल की दर से धान खरीद रहे हैं। इस साल 15 नवम्बर से यह अभियान फिर से शुरू करने जा रहे हैं। महतारी वंदन योजना के अंतर्गत राज्य की 70 लाख महिलाओं को हर महीने 1 हजार रूपए दे रहे हैं। अब तक 21 किश्त उन्हें दे चुके हैं।
प्रधानमंत्री एवं केन्द्रीय गृह मंत्री ने 31 मार्च 2026 तक छत्तीसगढ़ से नक्सल समस्या को समूल नाश करने का संकल्प लिया है। इस लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहे हैं। नक्सल समस्या को दूर करने के साथ इन ग्रामों में विकास कार्य को भी तेज कर दिए हैं। अभी पिछले कुछ महीनों में बस्तर के 327 ग्रामों को विकास के मामले में फिर से आबाद किए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी नयी उद्योग नीति को काफी सराहना मिली है। अब तक साढ़े 7 लाख करोड़ रूपए का निवेश प्रस्ताव मिल चुका है। इनमें से एआई और सेमीकण्डक्टर उद्योगों की स्थापना की शुरूआत भी हो चुकी है। नई उद्योग नीति में हमने रोजगार सृजन को प्राथमिकता दिया है। ज्यादा रोजगार देने वाले उद्योगों को हमने ज्यादा रियायत भी दे रहे हैं। उन्होंने छत्तीसगढ़ के सभी लोगों को इन नीतियों का लाभ उठाने की अपील की है। साय ने कहा कि हमने 2047 को ध्यान में रखकर विजन डॉक्यूमेन्ट जारी किया है। इसमें निहित लक्ष्यों को तभी हासिल कर पाएंगे जब समाज के सभी लोगों का योगदान मिले।


