
छत्तीसगढ़ रिपोर्टर
नई दिल्ली 17 मई 2025। पहलगाम आतंकी हमले और ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के बाद भारत सरकार आतंकवाद के खिलाफ अपने ‘जीरो टॉलरेंस’ के संदेश को वैश्विक पटल पर मजबूती से रखने के लिए इस महीने के अंत में सात सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल को प्रमुख साझेदार देशों में भेजेगी। संसदीय कार्य मंत्रालय की शनिवार को जारी एक बयान में कहा गया, ये सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल भारत की आतंकवाद के विरुद्ध एकमत और दृढ़ रणनीति को दुनिया के सामने रखेगा। वे आतंकवाद के सभी रूपों और अभिव्यक्तियों के खिलाफ भारत के सख्त रुख का संदेश लेकर जाएंगे। सरकार ने इन प्रतिनिधिमंडलों का नेतृत्व करने वाले नेताओं का चयन सभी प्रमुख राजनीतिक दलों से किया है, जो कई वैचारिक पृष्ठभूमि से आते हैं।
कहां जाएंगे ये प्रतिनिधिमंडल?
इनमें से हर एक प्रतिनिधिमंडल करीब पांच देशों का दौरा कर सकता है। इनमें शामिल होंगे संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के सदस्य देश और भारत के प्रमुख रणनीतिक साझेदार। बयान में यह भी कहा गया कि हर प्रतिनिधिमंडल में भारत के वरिष्ठ और अनुभवी राजनयिक भी शामिल होंगे।
एनडीए से चार, इंडिया ब्लॉक से तीन नेता
सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल में चार नेता राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) से हैं, जबकि तीन विपक्षी इंडिया गठबंधन से आते हैं। सूत्रों के अनुसार, प्रत्येक प्रतिनिधिमंडल लगभग पांच देशों का दौरा कर सकता है। मंत्रालय के बयान में यह भी बताया गया कि प्रत्येक प्रतिनिधिमंडल में प्रतिष्ठित राजनयिक भी शामिल होंगे। बयान में कहा गया, ऑपरेशन सिंदूर और सीमा पार आतंकवाद के खिलाफ भारत की सतत लड़ाई की पृष्ठभूमि में ये सात सर्वदलीय प्रतिनिधिमंडल इस महीने के अंत में महत्वपूर्ण साझेदार देशों और संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के सदस्य देशों का दौरा करेंगे।


