‘पूरा बंगाल तय कर बैठा है, दीदी को हटाने का समय आ गया’; दार्जिलिंग की रैली में बोले शाह

admin
शेयर करे

छत्तीसगढ़ रिपोर्टर

कोलकाता 21 अप्रैल 2026। पश्चिम बंगाल में चुनावी माहौल तेज हो चुका है और दार्जिलिंग में आयोजित जनसभा के दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने राज्य की राजनीतिक स्थिति पर तीखा बयान दिया। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि राज्य में बदलाव की मांग अब तेज हो रही है और जनता परिवर्तन की दिशा में सोच रही है। अमित शाह ने गोरखा समुदाय से जुड़े मुद्दों पर बड़ा राजनीतिक संदेश दिया। उन्होंने कहा कि अगर राज्य में भाजपा की सरकार बनती है, तो गोरखा बहनों और भाइयों की लंबे समय से चली आ रही समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर किया जाएगा। अमित शाह ने अपने संबोधन में दावा किया कि भाजपा सरकार बनने के बाद छह महीनों के भीतर गोरखा समुदाय से जुड़ी पुरानी समस्याओं के समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाए जाएंगे, जिससे लोगों के जीवन में संतोष और स्थिरता आ सके।

दीदी को हटाने का समय आ गया- अमित शाह
उन्होंने यह भी कहा कि कांग्रेस और तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) दोनों पर गोरखा समुदाय और दार्जिलिंग क्षेत्र की उपेक्षा करने का आरोप रहा है। शाह के अनुसार, इन समस्याओं का समाधान भाजपा अपनी सरकार बनने के बाद तय समयसीमा में करने का प्रयास करेगी।

सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने उत्तर बंगाल के लोगों से अपील की कि एक बार फिर भाजपा को अवसर दिया जाए, ताकि विकास और समाधान की प्रक्रिया को आगे बढ़ाया जा सके। उन्होंने कहा ‘उत्तर बंगाल वालों, एक बार भाजपा सरकार बना दीजिए। तीन चुनावों से दार्जिलिंग तो कमल फूल पर वोट कर ही रहा है, लेकिन इस बार पूरा बंगाल तय कर बैठा है कि दीदी को हटाने का समय आ गया है।’

चार जगहों पर होंगी रैलियां
शाह की पहली जनसभा सुबह 10:30 बजे दार्जिलिंग क्षेत्र के कुर्सियोंग स्थित सुकना हाई स्कूल मैदान में होगी। इसके बाद वे दोपहर 12:45 बजे पश्चिम बर्धमान के कुल्टी विधानसभा क्षेत्र में बाल्टोरिया के गणेश पूजा मैदान में लोगों को संबोधित करेंगे। इसके बाद कार्यक्रम का रुख मेदिनीपुर की ओर होगा। तीसरी सभा दोपहर 2:15 बजे पश्चिम मेदिनीपुर के सालबोनी में बिल्ला स्टेडियम मैदान में आयोजित की जाएगी। दिन की आखिरी रैली पूर्व मेदिनीपुर के चांदीपुर में शाम 3:45 बजे बिनॉय स्मृति फुटबॉल मैदान में होगी। 

Leave a Reply

Next Post

'यह जख्म जिंदगी भर नहीं भरेगा': आज भी नम है पीड़ित परिवारों की आंखें, पहलगाम हमले की बरसी से पहले छलका दर्द

शेयर करे छत्तीसगढ़ रिपोर्टर जम्मू-कश्मीर 21 अप्रैल 2026। जम्मू-कश्मीर के पहलगाम की वादियों में हुआ आतंकी हमला आज भी दर्द की ऐसी आग बनकर जल रहा है, जिसकी तपिश एक साल बाद भी पीड़ित परिवारों के दिलों को झुलसा रही है। 22 अप्रैल 2025 को हुए इस हमले में 26 […]

You May Like

अवैध खनन में जेसीबी ऑपरेटर को तीन साल की सजा....|....जंतर-मंतर से गेमिंग की दुनिया तक पहुंचा विरोध-प्रदर्शन....|....परिवार के पांच लोगों की मौत मामले में नया मोड़....|....बहराइच में जंगल से लकड़ी लेने गए वृद्ध को बाघ ने बनाया निवाला....|....प्रदेश में किसानों के बच्चों के लिए दोगुनी हुईं छात्रवृत्ति की सीटें....|....कोलकाता भगदड़ में 19 मौतें, 5 ICU में भर्ती....|....प्रियंका चोपड़ा: एनुअल एकेडमी म्यूजियम गाला पहुंचीं अभिनेत्री....|....शुगर के मरीजों को फल खाने से डरने की जरूरत नहीं....|....इंटर मियामी की जीत में चमके लियोनल मेसी....|....कंसास में फुटबॉल मैच के दौरान मैदान में घुसी कार